हिंदी दिवस आता है तो हम सब हिंदी की तरफदारी शुरू करदेते हैं वैसे तो हिंगलिश ही बोलते हैं। धन्यवाद नही थैंक यू ही कहना पसंद करते हैं तो वो दिन की हिंदी की खुशामत क्यों। कल मैंने परदे को पर्दा बोला तो मज़ाक बन गया "से कर्टेन व्हाट पर्दा" यह कहना था लोगो का। वैसे कही न कही सही बात है भाषा हमारे बारे में बहुत कुछ बता देती है। इंग्लिश बोलोगे तो पढ़े लिखे लगोगे वरना गवार। यह मैं नही कह रहा हु ये कहती है हमारे समाज की सोच , मैं मानता हु भाषा हमारे बारे में बहुत कुछ बता देती है लेकिन यह भाषा नही। भाषा दो तरह की होती है पहली वो जो हम बोलते हैं(हिंदी,इंग्लिश आदि ) दूसरी जैसे हम बोलते हैं। हिंदी बोलो या इंग्लिश या हिंगलिश ऐसे बोलो की सुनने वाले को तकलीफ न हो या बुरा न लगे। इंग्लिश में भी गाली दोगे तो बुरी लगेगी और हिंदी में आप जनाब करके बात करोगे तो अच्छा ही लगेगा।
Come with an open mind and read short stories in Hindi and my thoughts.