Disclaimer
यह एक series की दूसरी कहानी है। Series होते हुए भी हर कहानी को अलग-अलग पढा जा सकता है तथा हर कहानी पूरी तरह काल्पनिक है।
एक बार God ने दो दुनिया बनाईं जो एक दूसरे के Parallel थीं। बिल्कुल एक जैसी लेकिन एक दूसरे से इतनी दूर कि एक दुनिया के इंसान दूसरी दुनिया में ना पहुँच सके। दोनो में रहने वाले लोग भी समान थे, यहाँ तक कि उनकी जिंदगी और किस्मत तक समान थी। दोनो में सिर्फ एक फर्क था और वो था Reason का। Reason मतलब वजह, कारण। कुछ भी होता है तो क्यों होता है। God ने एक दुनिया के लोगो को किसी चीज़ का कोई कारण नही बताया, उनकी ज़िंदगी में जो कुछ होता, उन्हे खुद समझना पड़ता कि यह क्यों हुआ होगा नही समझ पाए तो यह उनकी मंदबुद्धि। वहीं दूसरी दुनिया के लोगो के साथ पैदाइश से ही एक God का Servant, जिसे सब Angel कहते, वो रहता और उन्हे उनकी ज़िंदगी में होने वाली घटनाओं के पीछे का कारण बताता रहता।
दोनो दुनिया में एक ही दिन पर एक ही समय पर एक लड़के का जन्म हुआ, जिसका नाम उसके माँ-बाप ने रवि रखा। रवि Middle class family का एक simple सा लड़का था। उसकी ज़िंदगी हर दूसरे इंसान की तरह Normal और Boring थी। जब वो 10th में पहुँचा तो उसके father की car accident में death हो गई। उसे यकीन ही नही हो रहा था कि ऐसा कुछ भी हो सकता है।शमशान पहुँचने तक उसकी आँखो से एक आँसू नही निकला पर चिता को अग्नि देकर जब वो पीछे हटा तो अचानक फूट-फूट कर रोने लगा और रोते-रोते बोला, "क्यों, आखिर क्यों, इतनी जल्दी क्यों छोड़ गए हमें।" पहली दुनिया के रवि को तो कोई जवाब नही मिला पर दूसरे वाले को मिला, उसका Angel बोला, "सबसे पहली बात तो यह समझ लो कि जो भी इंसान यहाँ से जाता है वो अपना वक्त पूरा करके जाता है चाहे उसने Suicide ही क्यों ना की हो, और तुम्हारे father के जाने की वजह तुम्हारी माँ की किस्मत है।" "मेरी माँ की किस्मत?" रवि चौंका। Angel ने आगे बताना शुरू किया, "हाँ, क्योंकि तुम्हारे father Homosexual थे, family pressure में उन्होने तुम्हारी माँ से शादी कर ली, तुमको पैदा भी कर लिया लेकिन एक married couple को जैसा होना चाहिए वो वैसे कभी नही हो सके, यह बात तुम्हारी माँ को Pregnancy के दौरान पता चला इसलिए वो उन्हे छोड़ भी नही पाईं, 17-18 साल के बाद उन्हे मिली यह आज़ादी उनकी किस्मत है। तुम चाहना तो ग़ौर करके देख लेना वो उतनी दुखी नही दिखेगी जितनी आम तौर पर एक विधवा होती है।" रवि ने दोबारा पूछा, "चलो मैं यह सब मान भी लूँ तो मेरी माँ को यह 17-18 साल की सज़ा क्यों मिली?" Angel बोला, "इसका जवाब तुम्हे भविष्य में ही मिलेगा और भविष्य बताने की मुझे इजाज़त नही है़"। रवि घर आ गया और तकिए में मुँह देकर रोता रहा। यही हाल पहली दुनिया के रवि का भी था।
कुछ वक्त बीता, रवि अब थोड़ा सही feel कर रहा था। एक दिन उसकी नानी ने बताया कि उसकी मम्मी की दूसरी शादी करा रहे हैं क्योंकि वो अपनी पूरी ज़िंदगी अकेले तो नही गुज़ार सकती। रवि को यह सुनकर जैसे धक्का लग गया, वो हरगिज़ नही चाहता था कि ऐसा कुछ हो, वो अपने पापा की जगह किसी और को नही देख सकता था। वो अपनी माँ से इस बारे में कोई बात नही कर पाया, लेकिन वो बहुत परेशान था और समझ नही पा रहा था कि यह क्यों हो रहा है लेकिन उधर दूसरी दुनिया के रवि को उसके Angel ने बता दिया कि ऐसा क्यों है। Angel ने बताया, "तुमने पूछा था ना कि मेरी माँ को यह 17-18 साल की सज़ा क्यों मिली तो सुनो, तुम्हारी मम्मी बचपन से ही बहुत चंचल मन की थी, उनका मन कभी एक चीज़ पर नही रुका और ना ही उन्हे किसी भी आसानी से मिली चीज़ की कद्र हुई इसलिए God ने उनकी शादी पहले एक Homosexual इंसान से करी और उन्हे वो वैवाहिक सुख नही दिया जो एक औरत को मिलता है ताकि अब जब उनकी शादी एक Average Hetrosexual लड़के सो हो तो वो ज़िंदगी भर उसकी कद्र करें।" रवि रो रहा था, और यह सब सुनने के बाद भी Satisfied नही था। पहले रवि को कुछ पता ही नही था तो उसका तो बैचेन होना स्वाभाविक था।
किसी ने कहा है ना कि वक्त हर ज़ख्म भर देता है तो वक्त ने रवि के भी ज़ख्मो को भर दिया और कॉलेज तक पहुँचने में वो Normal हो गया था। स्कूल में उसके 2-3 ही दोस्त थे, लेकिन स्कूल पूरा होते ही ऐसे गायब हो गए जैसे कभी जानते ही ना थे। कॉलेज शुरू हो गया पर उसे अपने दोस्तो की याद आ रही थी उसे समझ नही आ रहा था वो ऐसे क्यों भूल गए। फिर एक दिन उसे एक message आया वो उसे उसके साथ School में पढ़़े एक लड़के ने किया था। रवि को अपने दोस्तो के ना बात करने का थोड़ा सा बुरा लगा था इसलिए उसे message देखकर खुशी हुई पर ना जाने क्यों उसका मन नही हुआ उससे कोई बात करने का क्योंकि वो उसका दोस्त नही था, बस साथ में पढ़ता था, उधर दूसरे रवि के Angel ने भी उससे कहा कि इससे कोई बात ना करो, इससे दूर रहो पर दोनो ही रवि ने जाने क्या सोचकर उससे बात करना शुरू कर दी। दो दिन ही बीते थे कि उस लड़के ने किसी काम के लिए रवि से 5 हज़ार रूपये माँगे, रवि ने हाँ तो कर दी पर वो असमंजस में था कि रूपये दे या ना दे। उसके Angel ने बताया, "यह एक बहुत बुरा लड़का है, यह तुम्हारे लिए बहुत सारी मुसीबते ला सकता है, यहाँ तक कि जेल के भी चक्कर लगवा सकता है इसलिए God ने मुझे तुमको आगाह करने के लिए कहा पर तुम नही माने, अब यह 5 हज़ार रूपये एक तरह का जुर्माना है और तुमको आने वाली सैकड़ो मुसीबतो से बचाने का ज़रिया।"
रवि ने पूछा, "चलो सज़ा जुर्माना जो भी है मान लिया लेकिन उसको 5 हज़ार रूपये देने से मैं आने वाली मुसीबतो से कैसे बचूँगा?"
Angel ने बताया, "क्योंकि यह लड़का पैसे लेकर गायब हो जाएगा और तुमसे कभी बात नही करेगा, यही उसकी फितरत है।"
रवि समझ नही पा रहा था कि वो खुश हो या उदास पर पहली दुनिया के रवि को खुशी थी कि वो किसी की मदद कर पा रहा है। जैसा कि Angel ने कहा था वो लड़का पैसे लेकर गायब हो गया, ना उसने रवि की calls receive करीं और ना ही messages देखे, रवि समझ गया कि पैसे वापस नही मिलने वाले। दूसरे रवि को तो पहले ही पता था कि यही होना है, लेकिन 5 हज़ार जाने का दुख दोनो रवि को बराबर ही था और दोनो ही रवि ने कुछ वक्त में सब्र भी कर लिया।
कॉलेज के शुरूआत में एक Teacher ने Blog maintain करने को कहा पर उसने किया नही। चौथे semester में उसे पता चला कि एक classmate ने लिखा है। उसका नाम वीर था और 'Veerthedude' नाम के इस blog में उसने अपने Phobia of commitment और उसके Struggles के बारे में लिखा था। रवि ने अपने Angel से पूछा कि ऐसा क्यों है, बेचारे के साथ ऐसा क्योंं हुआ तो Angel ने यह कह कर बताने से मना कर दिया कि वह सिर्फ रवि को उसके बारे में और जो उससे Related चीज़ो के बारे में बता सकता है। रवि की वीर से बात तो होती थी पर वो उससे कुछ पूछ नही पाया।
कॉलेज में आने के एक महीने के अन्दर ही उसने 3-4 अच्छे दोस्त बना लिए जिनमे उसकी एक बहुत अच्छी दोस्त थी, जिसका नाम रीना था। रवि रीना से प्यार करने लगा था, पर अपनी दोस्ती की वजह से कुछ कह नही पा रहा था। पहला साल Confusion में ही निकल गया पर दूसरा साल शुरू होते ही रवि ने रीना को Propose करने का सोच लिया। कुछ महीने और बीते और फिर वो एक साल का इंतज़ार और प्यार लेकर रीना के पास गया और उससे अपने दिल की बात कही, काफी देर तक तो रीना मज़ाक समझकर हँसती रही, पर जैसे ही उसे समझ आया कि रवि Serious है तो उसने हँसना बन्द कर दिया और कहा, "यार, I get it what you are sayin but I am sorry I don't love you, and I can't force myself to love you. तुम समझ रहे हो ना? I respect your feelings but we are best friends." कुछ देर सन्नाटा बना रहा और फिर रीना ने उसे गले लगा लिया, ज़रा देर गले लगे रहने के बाद रवि ने खुद उसे छोड़ दिया और वहाँ से आकर Class में बैठ गया। रीना उसके पीछे आयी पर रवि ने उसे समझाते हुए कहा, "its okay, i am fine, मैने बस बोल दिया जो मुझे लगा, don't worry, मैं ठीक हूँ।" रीना को समझ आ रहा था कि सब ठीक नही है पर वो कुछ नही कर सकती थी, उन दोनो की हालत किसी हिन्दी film जैसी हो गई थी।
कॉलेज में वो Normal ही रहा पर छुट्टी होते ही वो कॉलेज से बाहर आया और थोड़ी सी दूरी पर सड़क किनारे एक पत्थर पर बैठ कर रोने लगा। उसे जानना था कि जब रीना उससे प्यार नही करती, या नही कर सकती तो फिर उसके दिल में रीना के लिए Feelings क्यों आयीं, क्यों किसी ऐसी लड़की से प्यार नही हुआ जो उससे भी प्यार करती। इन सारे सवालो का जवाब सिर्फ Angel के पास था जो कि उसने दूसरी दुनिया के रवि को बताए, "God ने जब यह दुनिया बनाई तो उसी के साथ उन्होने इंसानो को आपस में बाँधे रखने के लिए दो चीज़े बनाईं, एक प्यार और दूसरा दर्द। प्यार तो तुम जानते हो क्या है, जो तुम रीना के लिए या अपने करीबी लोगो के लिए feel करते हो और दूसरा है दर्द जो अब तुम्हे feel हो रहा है। यह दोनो ही चीज़े लोगो को आपस में बाँधती हैं बस इनमे फर्क यह है कि प्यार इंसान को खुश करता है और दर्द उसको रुलाता है पर मकसद दोनो का एक ही है। प्यार तो तुमने समझ लिया अब दर्द समझने की बारी है, दर्द को समझने के लिए दिल का टूटना ज़रूरी होता है। इसके बाद से तुम लोगो के दुख को अच्छी तरह समझने लगोगे, वरना आज से पहले तुमसे कोई कहता कि किसी वजह से मेरा दिल टूट गया तो तुम उसके दर्द को हरगिज़ समझ नही पाते।" रवि ने बीच में टोका, "पर दुख मुझे पहले भी feel हुआ था जब मेरे पापा की death हुई थी, मैं तब ही समझ गया था तो यह फिर ये क्यों?" Angel बोला, "हाँ वो Tragedy थी, तुम्हे बहुत दुख हुआ होगा पर सच बताना कि क्या तुम्हारा दिल टूटा था उस वक्त जैसे अभी टूटा है।" रवि चुप रहा Angel ने आगे बोलना शुरू किया, "हाँ बस इसीलिए यह हुआ है ताकि तुम दुनिया के दुख दर्द को अच्छे से समझ पाओ। एक बात और, यह सबके साथ नही होता सिर्फ उन्ही के साथ होता है जिन्हे God अच्छा इंसान बनाना चाहता है, वरना तुम अपने आस पास देख लेना, बहुत से लोग ऐसे मिल जाएँगे जिन्हे पता ही नही कि प्यार होता है तो कैसा लगता है या दिल टूटना क्या होता है।"
यह सारे जवाब तो दूसरी दुनिया के रवि को मिले पर पहली दुनिया वाला रवि तो पत्थर पर बैठा रोता ही रहा, आखिर में उसे अपने पापा कि कही एक बात याद आयी कि जो होता है अच्छे के लिए होता है, बस यही सोचकर वो उठा और आँसू पोछता हुआ घर चला गया।
उसी साल के exams में रवि ने एक बहुत बड़ी गलती कर दी, एक exam में उसने अपना Roll Number exam sheet में लिख दिया जिस वजह से वो sheet cancel कर दी गई और रवि को उसमें कोई marks नही मिले, उसकी Back लग गई। Result आया और रवि को जब यह पता चला तो उसे खुद पर बहुत गुस्सा आया, साथ ही उसे यह भी पता चला कि उस exam में उसके number highest थे। रवि मज़ाक का पात्र बनकर घर चला आया और उदास होकर बोला, "क्या यार, मैने क्या कर लिया, क्या बेवकूफी कर दी मैने, Shit" Angel बोला, "इसके पीछे भी एक वजह है" रवि हैरानी से Angel की तरफ देखने लगा और बोला, "यह तो मेरी खुद की बेवकूफी है इसमे क्या वजह है?" Angel ने बताया, "हाँ, इसकी भी वजह है। मैने तुम्हे बताया था ना कि God ने तुम्हे एक अच्छा इंसान बनाया है, अच्छे इंसान ऐसे ही नही बनते काफी कुछ सहना पड़ता है। यह हुआ है तुम्हे घमंड से बचाने के लिए, क्योंकि तुम आज तक कभी किसी class में fail नही हुए हमेशा pass होते आए तो इसलिए यह Back लगी है और वो भी तुम्हारी बेवकूफी से ताकि तुम humble रहो, किसी के fail होने पर हँस ना पाओ और ना ही अपने दिमाग़ पर घमंड कर पाओ।"
रवि को समझ आ गया था यह ज़िंदगी उतनी आसान नही है जितनी वो बचपन से समझता आया था, वो Mature हो गया था। उधर दूसरे रवि ने भी Angel से हर छोटी बात की वजह पूछना छोड़ दिया उसे समझ आ गया था कि हर चीज़ के पीछे God की Planing है। यह देखकर कि रवि अब कुछ नही पूछता तो एक दिन Angel ने God के कहने पर उससे कहा, "तुम्हे पता है रवि यह पूरी दुनिया Connected है, तुम्हारे साथ जो होता है उसका असर दूसरो पर और उनके साथ जो होता है उसका असर तुम पर पड़ता है।" रवि के कुछ समझ नही आया वो बोला, "क्या मतलब है इस बात का और तुम मुझे यह क्यों बता रहे हो?" Angel ने आगे बताया, "तुम आज नही तो कल यह पूछोगे इसलिए आज ही बता रहा हूँ कि इस दुनिया में सब कुछ तुम्हारे बारे में नही है, तुम यह समझलो कि तुम एक बड़े से नाटक का छोटा सा हिस्सा हो। देखो ऐसे समझो, जब एक पेड़ को उगाना होता है तो उसके लिए ज़मीन में बीज बोना पड़ता है और बीज बोने के लिए ज़मीन को खोदना पड़ता है। अब अगर ज़मीन अपनी किस्मत को रोने लगे कि उसे खुरपी या फावड़ा क्यों पड़ रहा है तो उसे कौन समझाये कि यह जो बीज तुम में बोया जा रहा है यह कल पेड़ बनेगा और उसी पेड़ की ज़डे तुम्हारी मिट्टी को आँधी-बारिश में बहने से बचाएँगी, तुम्हारे पास रोक कर रखेंगी।" रवि confuse हो गया, उसके बात तो समझ आयी लेकिन बात का मतलब समझ नही आया क्योंकि इस बार वजह पहले पता चल गई थी और घटना होना बाकी थी।
रवि ने कॉलेज पूरा कर लिया और अब वो नौकरी के लिए Interviews देने पहुँचा। लगातार 4 Interview में Reject होने तक दोनो रवि ने अपना सब्र बनाए रखा मगर पहले रवि ने Decide कर लिया कि अगर वो पाँचवे में Reject हुआ तो कुछ और छोटा मोटा काम कर लेगा पर अब Interview नही देगा। दूसरे रवि ने Decide किया कि वो सबसे पहले तो Angel से इसकी वजह पूछेगा कि इतनी मेहनत और Qualification के बाद भी उसे Job क्यों नही मिल रही और उसके बाद कोई और काम शुरू कर देगा।
पाँचवे Interview में भी वो Reject हो गया, उसने Angel से पूछा तो उसने बताया, "तुमने मेहनत की है, तुम Qualified भी हो मगर उतने ज़रूरतमंद नही हो जितने वो लोग थे जिनको यह पाँच Jobs मिली है़ं। वो अपने घर का इकलौता सहारा हैं उनको Job मिलना तुमसे ज़्यादा ज़रूरी था और अब तुम यह पूछो कि तो फिर मैं इन Interviews में गया ही क्यों तो इसका जवाब मैं पहले ही दे देता हूँ। वो देखो दो औरते खड़ी हैं दोनो के हाथ में एक-एक अँगूठी है, एक बिल्कुल सादी सपाट है और दूसरी पर एक नक्काशा हुआ खूबसूरत फूल बना है, अब ज़रा इनको ग़ौर से देखकर बताओ कि किस अँगूठी को ज़्यादा हथौड़ी पड़ी होगी?"
"फूल वाली को Obviously" रवि ने जवाब दिया।
"बस यही तुम्हारा जवाब है" Angel ने कहा।
रवि अब इतना समझदार हो गया था कि सिर्फ इस मिसाल से वो समझ गया कि Angel क्या कहना चाहता है और छटे Interveiw की तैयारी करने लगा।
उधर पहले रवि ने Interview ना देने का इरादा कर लिया था पर उसकी माँ ने उसे समझाया और एक आखिरी Interview उनके कहने से देने को कहा। दोनो रवि का Selection इस बार हो गया।
कुछ वक्त बीत गया एक दिन रवि की आँख खुली तो वह जगह से हिल नही पा रहा था उसे समझ नही आया कि यह क्या हो रहा है तभी उसने ग़ौर किया कि यह उसका कमरा नही था बल्कि किसी अस्पताल का कमरा था। उसे कुछ धुँधला-धुँधला सा याद आया कि उसका Accident हुआ था। उसे कुछ समझ नही आ रहा था कि उसे कितनी और कहाँ-कहाँ चोट लगी है बस वह बिल्कुल हिल नही पा रहा थ। अब वो अहसास कर पा रहा था कि उसके पापा ने ऐसे ही किसी अस्पताल के बिस्तर पर लेटकर क्या feel किया होगा मरने से पहले। वो लेटा इंतज़ार करता रहा कि कोई आए तो उसे कुछ बताए मगर उधर दूसरी दुनिया के रवि ने Angel से पूछा कि यह क्यों हुआ है। Angel बोला, "तुम्हे याद है ना मैने ज़मीन और पेड़ वाली मिसाल बताई थी एक बार,बस यह समझलो तुम ज़मीन बन गए हो।"
"मेरे कुछ समझ नही आया, Clearly बताओ" रवि झुंझलाया।
Angel फिर बोला, "शायद तुम्हारे सर पर लगी चोट की वजह से तुम भूल गए हो कि आज तुम्हारी शादी थी, जोकि अब नही हो पाएगी क्योंकि तुम्हारे जाने का वक्त बस होने ही वाला है।"
रवि चिल्ला पड़ा, "क्या बक रहे हो?"
Angel पर उसकी चीख का कोई फर्क नही पड़ा वो आगे बताने लगा, पर जैसे ही वो बोलने को हुआ तभी Doctor और रवि के मम्मी-पापा उसकी चीख सुनकर अन्दर आ गए, पर रवि को Angel की बात कुछ ऐसी लग गई थी कि उसने उनमे से किसी की बात नही सुनी, Doctor को कुछ करने नही दिया बल्कि उनसे चिल्ला-चिल्ला कर बाहर जाने को कहने लगा, "आप लोग जाईए प्लीज़ 5 मिनट बाद आ जाईएगा मैं Angel से बात कर रहा हूँ।"
उसका बुरी तरह चिल्लाना देखकर वो लोग बाहर चले गए 5 मिनट के लिए।
Angel दोबारा बोलना शुरू हुआ, "आज तुम्हारी शादी थी पर वो अब नही हो पाएगी और इसकी वजह यह है कि उस लड़की के लिए एक ऐसा लड़का तय है जो उससे प्यार करता है, उसकी शादी उससे होना है। तुम उससे कभी प्यार नही कर पाते क्योंकि वो तो तुम रीना से करते हो और शादी की बात यहाँ तक पहुँचने की और शादी वाले दिन यह सब होने की वजह उस लड़की को गंभीर बनाने के लिए है। वो लड़की अब तक बहुत Immature थी पर यह झटका उसे Serious बना देगा और फिर उसकी शादी उस लड़के से होगी जो उससे प्यार करता है और कभी उससे कह नही पाया। अगर यह नही होता और अगर ऐसे ही उसकी शादी उस लड़के से हो जाती तो ना वो उसके प्यार तो समझती और ना ही शादी की गंभीरता को तुम भविष्य मे उगने वाले उस पेड़ के बीज की ज़मीन हो।"
रवि बिना आवाज़ के रो रहा था।
Angel लगातार बोल रहा था, "मुझे लगा था तुम कभी ना कभी ज़रूर पूछोगे पर तुमने पूछा अपने पापा की ऐसी ज़िंदगी के बारे में पूछा नही, पर अब जब तुम जा रहे तो यह भी सुनते जाओ कि वो तुम्हारे परिवार की ज़मीन थे जैसे आज तुम बने हो, तुम दोनो की किस्मत एक जैसी लिखी थी God ने खासकर के अंत।"
4 मिनट हो चुके थे रवि कुछ भी नही बोला वो जैसे यह सब सुनकर Satisfied था, उधर पहले रवि को तो ढंग से याद ही नही था कि हुआ क्या है, ना अपने Accident के बारे में ना शादी के बारे में। 5वें मिनट में Angel बोला, "अगर Doctor तुम्हे treat करता इस वक्त तो तुम बच जाते, हालांकि शादी तुम्हारी तब भी नही होती उस लड़की से क्योंकि तुम्हारा हाल अब ऐसा हो गया है कि कोई भी लड़की तुमसे शादी नही कर पाएगी पर God की planning भी कमाल है उन्होने तुमको इस वक्त तुम्हारी मौत की खबर दिलवाई कि तुम भौकलाकर Doctor को खुद ही भगा दो।"
इतना कहना था कि रवि की साँस उखड़ने लगी, 5 मिनट हो गए थे, रवि के मम्मी-पापा और Doctor अंदर आए पर अब देर हो चुकी थी। उधर पहले रवि के पास भी Doctor अभी पहुँचे थे मगर मरना तो दोनो रवि की किस्मत था। उन तीनो के सामने रवि ने दम तोड़ दिया, पहली दुनिया के माँ-बाप को कुछ समझ नही आ रहा था पर दूसरी दुनिया के माँ-बाप को उनके Angels ने बता दिया कि यह क़्यों हुआ है।
This is quite something . .. Donno what to feel... Good or bad about it. .. Just another reason to believe that we're only puppets. whether we know the reasons or not, we can't change a thing. Just living on and on and on.. Beautifully written. Specially the open ending.
जवाब देंहटाएंKeep going .. Love to read your stories. ❤️❤️❤️
Your feedback means a lot, thank you so much yaar
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